क्रिप्टो घाटा सेट-ऑफ़ कैलकुलेटर (भारत)
By BtcMedia Research · अपडेट · टैक्स ईयर 2026-27
भारत में हर क्रिप्टो (वर्चुअल डिजिटल एसेट) ट्रेड का मुनाफ़ा अलग से 30% + 4% सेस पर टैक्स होता है, और किसी दूसरे क्रिप्टो का घाटा उसे कम नहीं करता। घाटा न किसी और आमदनी से कटता है, न अगले साल ले जाया जा सकता है। उदाहरण: एक ट्रेड पर ₹50,000 मुनाफ़ा और दूसरे पर ₹40,000 घाटा, यानी नेट ₹10,000 मुनाफ़ा, पर टैक्स ₹15,600। अपने ट्रेड नीचे डालें और देखें कि यही ट्रेड शेयरों में होते तो कितना टैक्स लगता।
आपके क्रिप्टो ट्रेड (इस टैक्स ईयर में बेचे गए)
क्रिप्टो (VDA)
- मुनाफ़े वाले ट्रेड का कुल मुनाफ़ा
- ₹50,000
- घाटे वाले ट्रेड का कुल घाटा
- −₹40,000
- असल नेट मुनाफ़ा/घाटा
- ₹10,000
- क्रिप्टो पर टैक्स (30% + 4% सेस)
- ₹15,600
- अगर घाटा कटता तो टैक्स
- ₹3,120
- घाटा न कटने से ज़्यादा टैक्स
- ₹12,480
- नेट मुनाफ़े पर असल टैक्स दर
- 156%
- टैक्स के बाद आपके हाथ में (क्रिप्टो)
- −₹5,600
- क्रिप्टो में आगे ले जाने लायक घाटा
- ₹0
यही ट्रेड शेयरों में होते
- शेयरों पर टैक्स
- ₹2,080
- टैक्स के बाद हाथ में (शेयर)
- ₹7,920
- अगले 8 साल के लिए आगे ले जाने लायक घाटा
- ₹0
- 1% TDS (बिक्री मूल्य पर, टैक्स में क्रेडिट)
- ₹2,100
मान्यताएं: रेज़िडेंट व्यक्ति, कुल आय ₹50 लाख से कम (सरचार्ज नहीं), शेयर तुलना में लिस्टेड शेयर/इक्विटी फ़ंड (STT भरा), इस साल कोई और कैपिटल गेन या पुराना घाटा नहीं। फ़ीस शामिल नहीं।
उदाहरण: एक जैसे ट्रेड, दो टैक्स नियम
| स्थिति | नेट | क्रिप्टो टैक्स | शेयर टैक्स (≤12 महीने) | घाटा न कटने से ज़्यादा |
|---|---|---|---|---|
| एक मुनाफ़ा, एक घाटा₹1,00,000 → ₹1,50,000 · ₹1,00,000 → ₹60,000 | ₹10,000 | ₹15,600 | ₹2,080 | ₹12,480 |
| मुनाफ़ा और घाटा बराबर₹2,00,000 → ₹3,00,000 · ₹2,00,000 → ₹1,00,000 | ₹0 | ₹31,200 | ₹0 | ₹31,200 |
| तीन ट्रेड, थोड़ा नेट मुनाफ़ा₹50,000 → ₹90,000 · ₹80,000 → ₹30,000 · ₹70,000 → ₹85,000 | ₹5,000 | ₹17,160 | ₹1,040 | ₹15,600 |
| सिर्फ़ घाटा₹1,50,000 → ₹1,00,000 | −₹50,000 | ₹0 | ₹0 (+₹50,000 आगे) | ₹0 |
उदाहरण के ट्रेड मूल्य समझाने के लिए हैं; टैक्स की गणना असली नियमों से।
नियम, एक नज़र में
| नियम | क्रिप्टो (VDA) | लिस्टेड शेयर |
|---|---|---|
| एक क्रिप्टो का घाटा दूसरे क्रिप्टो के मुनाफ़े से | नहीं | हां (उसी तरह के गेन से) |
| घाटा सैलरी या दूसरी आमदनी से | नहीं | नहीं |
| घाटा अगले साल ले जाना | नहीं | हां, 8 साल (रिटर्न समय पर भरें) |
| टैक्स दर | 30% + 4% सेस, होल्डिंग कुछ भी हो | ≤12 महीने 20%; उससे ज़्यादा 12.5% (₹1.25 लाख छूट के बाद) |
| लागत के अलावा कटौती (फ़ीस आदि) | नहीं | ट्रांसफ़र ख़र्च घट सकता है (STT नहीं) |
क्या करें: घाटे वाले क्रिप्टो को बेचने से टैक्स नहीं बचता, इसलिए "टैक्स-लॉस हार्वेस्टिंग" भारत में क्रिप्टो पर काम नहीं करती। हर ट्रेड का मुनाफ़ा/घाटा अलग रिकॉर्ड रखें और सब Schedule VDA में भरें। Schedule VDA गाइड →
FAQ
क्या क्रिप्टो का घाटा भारत में मुनाफ़े से कट सकता है?
नहीं। आयकर अधिनियम, 2025 की धारा 194 (टेबल क्रम 4) के तहत, जो 1 अप्रैल 2026 से पुरानी धारा 115BBH की जगह है, एक वर्चुअल डिजिटल एसेट का घाटा किसी दूसरे VDA के मुनाफ़े या किसी और आमदनी से नहीं कटता और अगले साल नहीं ले जाया जा सकता। इसलिए ₹50,000 मुनाफ़ा और ₹40,000 घाटा होने पर भी टैक्स ₹15,600 है।
अगर मुनाफ़ा और घाटा बराबर हों तो?
फिर भी टैक्स लगेगा। ₹1,00,000 मुनाफ़ा और ₹1,00,000 घाटा, यानी नेट शून्य, पर क्रिप्टो टैक्स ₹31,200 है। शेयरों में यही ट्रेड होते तो टैक्स शून्य होता।
सिर्फ़ घाटा हुआ तो क्या करूं?
टैक्स शून्य है, पर ₹50,000 का घाटा हमेशा के लिए बेकार है। फिर भी इसे ITR के Schedule VDA में दिखाएं, क्योंकि बिक्री पर 1% TDS कटा है और उसका क्रेडिट/रिफ़ंड रिटर्न से ही मिलता है।
क्या 1% TDS वापस मिलता है?
हां, क्रेडिट के रूप में। यह आपके कुल टैक्स से घटता है और ज़्यादा कटा हो तो रिटर्न प्रोसेस होने पर रिफ़ंड मिलता है।
स्रोत: Income-tax Act, 2025 s.194 (Indian Kanoon) · Income Tax Department: Section 115BBH · Income-tax Act, 2025 as amended by Finance Act 2026 (PDF). नियम 24 अक्टूबर 2026 को जांचे गए।
टैक्स सलाह नहीं। यह एक शैक्षिक अनुमान है। अपने मामले के लिए किसी चार्टर्ड अकाउंटेंट से पूछें।
और टूल: पोर्टफ़ोलियो ट्रैकर · क्रिप्टो टैक्स कैलकुलेटर · मुनाफ़ा कैलकुलेटर · ₹X मुनाफ़े पर टैक्स · 1% TDS गाइड · English
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- टूल लॉन्च: 6 तक क्रिप्टो ट्रेड डालें, देखें घाटा न कटने से कितना ज़्यादा टैक्स लगता है और शेयरों में यही ट्रेड होते तो कितना।